Cglive24 news की रिपोर्ट धरना-प्रदर्शन से बायोमेट्रिक पर कोई असर नहीं, 13 हजार करा चुके रजिस्ट्रेशन, यूनियनों के बुलावे पर नहीं आए BSP कर्मचारी
करीब 13 हजार से अधिक कर्मचारियों और अधिकारियों ने रजिस्ट्रेशन करा लिया है।
करीब 15 हजार कार्मिकों में से 13 हजार लोग सहमति शुक्रवार शाम तक दे चुके हैं।
ठेका मजदूरों की बात की जाए तो करीब 25 हजार में से 24 हजार श्रमिकों का भी रजिस्ट्रेशन कराया।
Cglive24 news भिलाई। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड-सेल (Steel Authority of India Limited-SAIL) के कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए चेहरा पहचान बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली (Face Recognation Biometric Attendance System) अनिवार्य कर दिया गया है।
Cglive24 news भिलाई स्टील प्लांट (Bhilai Steel plant) में 1 जुलाई से सख्ती से लागू किया जा रहा है। बायोमेट्रिक अटेंडेंस मैनेजमेंट सिस्टम (Biometric Attendance Management System) के खिलाफ संयुक्त यूनियन ने शनिवार सुबह बोरिया गेट पर प्रदर्शन किया। BMS, CITU, HMS, INTUC, एटक, इस्पात श्रमिक मंच, लोइमू, स्टील वर्कर्स यूनियन आदि ने बोरिया गेट पर सुबह घेराबंदी। यूनियन के पूरे पदाधिकारी पहुंच सके।
Cglive24 news बीएसपी कर्मचारियों (BSP Employees) को लेकर दावा किया जा रहा था कि भरपूर समर्थन मिलेगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। सोशल मीडिया पर दहाड़ने वाले बीएसपी कर्मचारी सड़क पर नहीं उतर सके। बमुश्किल सभी यूनियन के सौ-सवा सौ पदाधिकारी और कुछ कर्मचारी ही बोरिया गेट पर नजर आए।[caption id="attachment_7205" align="alignnone" width="300"]
Oplus_131072[/caption]Cglive24 news बीएसपी प्रबंधन (BSP Management) के आदेश पर कर्मचारियों ने बायोमेट्रिक को स्वीकार करने का मन बना लिया है। यह मैं नहीं, आंकड़ा बता रहा है। बीएसपी प्रबंधन के मुताबिक करीब 13 हजार से अधिक कर्मचारियों और अधिकारियों ने रजिस्ट्रेशन करा लिया है।
Cglive24 newsअपने चेहरे की छाप मशीन में छोड़ चुके हैं। करीब 15 हजार कार्मिकों में से 13 हजार लोग सहमति शुक्रवार शाम तक दे चुके हैं। वहीं, ठेका मजदूरों की बात की जाए तो करीब 25 हजार में से 24 हजार श्रमिकों का भी रजिस्ट्रेशन हो चुका है।[caption id="attachment_7275" align="alignnone" width="300"]
Oplus_131072cglive24news[/caption]कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कर्मचारी यूनियन के नेताओं ने कहा-हम बायोमेट्रिक का विरोध नहीं कर रहे हैं। प्रबंधन द्वारा कर्मचारी विरोधी फैसलों का विरोध कर रहे हैं। आज तक आधा अधूरा वेतन समझौता है। कर्मचारियों का बकाया एरियर नहीं दिया जा रहा है। एचआरए, रेस्ट रूम, शुद्ध पानी, टॉयलेट, बेहतर आवास व्यवस्था को लेकर कर्मचारी परेशान होते हैं। प्रबंधन इन विषयों पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। अब बायोमेट्रिक के जरिए मानसिक रूप से परेशान करने की चाल चली जा रही है। प्रबंधन के फैसले का विरोध करते रहेंगे।
Cglive24 newsइन यूनियन नेताओं ने संभाला मोर्चाCglive24 newsबीएमएस से चन्ना केशवलू, वशिष्ठ वर्मा, प्रदीप पाल, दिल्ली राव, सनी इप्पन, इंटक से वंश बहादुर सिंह, संजय साहू, पीवी राव, रेशम राठौर, सीटू से जगन्नाथ प्रसाद त्रिवेदी, डीवीएस रेड्डी, टी जोगा राव, अशोक खातरकर, एचएमएस से प्रमोद मिश्र, एटक से विनोद कुमार सोनी, इस्पात श्रमिक मंच से राजेश अग्रवाल, शेख महमूद, लोइमू से राजेंद्र परगनिहा, सुरेंद्र मोहंती आदि मौजूद रहे।